
कालाढूंगी। सोशल मीडिया के जरिए एक व्यक्ति को 32 साल पहले बिछड़ा भाई मिल गया। जवानी में उसका परिवार से संपर्क छूट गया था। बिछडे भाई से मिलने पर दोनों भाई भावुक हो उठे। राम बहादुर निवासी उत्तरकाशी मूल निवासी नेपाल जवानी से ही बिछड गया था। जिसके बाद परिजन उनसे मिलने पहुंचे तो नहीं मिलने पर पिछले 32 साल से उन्हें ढूंढने के साथ जिंदा होने की आस भी छोड़ चुके थे।
बीते एक सप्ताह से नगर में घुम रहे विक्षिप्त बुजुर्ग को देख भाजपा महामंत्री हरीश मेहरा उन्हें घर लाकर खाना खिलाया,नहलाने, कपडे बदल व बाल व दाढी बनवायी।जिसके बाद उन्होंने सोशल मीडिया पर विक्षिप्त का पोस्ट किया था।साथ ही उनकी रहने की व्यवस्था रौखडिया बाबा मंदिर में की गई थी। वायरल पोस्ट में देख किसी परिचित ने राम बहादुर के भाई को फोन कर सूचना दी। जिसके बाद उसके भाई खीम बहादुर व भतीजा इन्द्र सिंह के साथ उन्हें लेने कालाढूंगी पहुंचे। दोनों भाई एक-दूसरे को देख भावुक हो गये। रामबहादुर अपने भाई खीम बहादुर को कुछ बताते ही फक-फक रोने लग पडता। खीम बहादुर ने बताया कि जवानी से दोनों भाई अलग रहते थे। बस इतना पता था की भाई ने कोटद्धारा से शादी की है। पिछले 32 सालों से भाई की तलाश कर रहें हैं।कोटद्धार में उसके ससुराल की जानकारी भी नहीं थी। काफी खोजबीन ससुराल मिला तो उनके साले ने बताया कि काफी समय से यंहा नहीं आये हैं। परिजनों ने हरीश मेहरा का आभार जताया। इस दौरान विक्षिप्त बुजुर्ग की रहने व्यवस्था व अन्य कार्यों में बृजेश साह,भुवन सती,गोधन सैनी,गीता सती ने मदद की।









